शनिवार, 23 मई 2020

अक्षिता ....( कैंपस के किस्से)

LLT-2   11:40की क्लास यूनिवर्सिटी  कैपस प्रोफ़ेसर  साब के लेक्चर के बीच    दरवाजे पर खड़ी डर और  लेट आने की झिझक  के साथ बालो और किताबो को सम्हालते प्रोफेसर साब के yes comming  का इंतजार करती एक लड़की जैसे ही क्लास रूम में आती है बस यूही उसपर नजर पड़ी थी  की साधारण सी ही थी पर attraction   था उसमें  लाल रंग की कुर्ती जीन्स  पहन रखी  थी उसने आज शायद पहला ही दिन था उसकाओर पहले ही दिन लेट इसीलिए नर्वश थी शायद     2-3दिन हुए  थे क्लास शुरू ही हुए थे यूनिवर्सिटी के,  तो थोड़ी डॉट के बाद permission  तो दे दी सर ने अब नज़रे बैठने की जगह ढूढ़ रही थी बैकबंचेर तो लग न रही थी सो आके वाली सीट पर ही बैठी।
तो साब  इंग्लिश में होरहा prof साब का लेक्चर किसीतरह ख़त्म हुआ ।
अगली क्लास ms. Tanu Roi की थी  डिपार्टमेंट डीन prof . R.Roi ,की बेटी थी और रिसर्च स्कोलरथी  सो इनका अलग ही जलवा था आधे से अधिक लड़के तो इन्ही पर फिदा थे । वैसे थीं भी खूबसूरत। पर उसे तो इंतज़ार था कि  मैम इंट्रो तो लेंगी ही न्यू स्टूडेंट का सो इसतरह नाम तो पता चला 'अक्षिता ('akshita')नाम था belongs to ........UP देख के तोCBSC Board एक्सपेक्टेड था  सो यही था। ms. Tnau sri की क्लास होते ही आज कोई आये क्लास न थी सी  सो क्लास खत्म होते ही जबतक उनके पीछे जाने का मौका मिलता तो जा चुकी थी
आज रात कुछ ज्यादा ही बड़ी थी सुबह होने और यूनिवर्सिटी जाने की बेताबी  में आँखों ने नीद का इंतज़ार की किया रात भर. उसे तो ना आना था ना आयी ...

सो यादो के इन लम्हो को इस इस सुरीले एहसास  के साथ  साथ गुजरे पलो में खो जाने दीजिए.....

Please use headphon and fill it.

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